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दिल्ली पब्लिक स्कूल अंबाला के छात्रों ने अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर लोगों को किया जागरूक

अंबाला (निखिल सोबती)। आयुष मंत्रालय और सांस्कृतिक सम्बन्ध परिषद के संयुक्य प्रयास से 21 जून को “अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस” का आयोजन किया गया इस अवसर पर देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने “घर पर योग, परिवार के साथ योग “ थीम के अंतर्गत देश को सम्बोधित करते हुए कहा कि अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस सार्वभौमिक भाईचारे का का संदेश देता है, मानसिक शांति देता है व सकारात्मकता बलाने में मदद करता है वैश्विक महामारी कोरोना के कारण समूचा विश्व तनाव व परेशानी से जूझ रहा है, ऐसी परिस्थिति में यह पाया गया कि योग से व्यक्ति की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है, यदि हमारी रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत है to इस बीमारी को हारने में काफी मदद मिलेगी इसके लिए योग में कई तकनीक व विभिन्न आसन हैं, कोविड -19 श्वसन तंत्र पर हमला करता है, जो प्राणायाम से मजबूत होता है दिल्ली पब्लिक स्कूल, अम्बाला के छात्रों ने “ मेरा योग मेरा जीवन “ थीम को महत्त्व देते हुए घर पर रहकर ही अपने परिवार के साथ योग दिवस मनाया इस गतिविधि का सफल बनाने के के लिए विदयालय की ओर से छात्रों को विभिन्न आसनो से सम्बंधित वीडियो भेजी गई व छात्रों ने भी अपने परिवार के साथ सूर्य नमस्कार, अनुलोम – विलोम, कपालभाति, प्राणायाम, ताड़ासन, पश्चिमोत्तानासन, अश्व संचालनासन, गोमुख आसन, उष्ट्रासन, चक्रासन, वज्र आसन, नौका आसन किए व प्रतिदिन योग करने का संकल्प लिया जैसा कि हम सभी जानते हैं कि भारतीय योग को जीवन में सकारात्मकता व ऊर्जावान बनाए रखने के लिए महत्त्वपूर्ण मानते हैं योग भारत की प्राचीन परंपरा का अमूल्य उपहार है. यह मस्तिष्क और शरीर की एकता का प्रतीक है, मनुष्य और प्रकृति के बीच सामंजस्य है, विचारों को संयम प्रदान करने वाला है, सदियों से लोग से इससे जुड़ कर हम शारीरिक शक्ति प्राप्त करते रहे है योग हमें मानसिक तथा आध्यात्मिक शांति प्रदान कर हमारा बौद्धिक विकास करता है l कोरोना महामारी के कारण देखा गया है कि हरिद्वार से सिने जगत तक के लोग स्वयं को स्वस्थ रखने के लिए योग तथा आयुर्वेद के विषय में अधिक से अधिक जानकारी प्राप्त करना चाहते हैं योग ने उन लोगों का भी ध्यान आकर्षित किया है जिन्होंने अपने जीवन में कभी कोई व्यायाम नहीं किया वे ऑनलाइन कक्षाओं में भाग लेकर विभिन्न योग क्रियाएँ सीख रहे हैं l विद्यालय की प्रधानाचार्या अमिता ढाका जी ने विद्यार्थियों को जागरूक बनाने के लिए उन्हें प्रतिदिन योग करने व जीवन को तनावमुक्त रखने का संदेश देते हुए बताया कि योग समग्र रूप से मन और शरीर के बीच संतुलन बनाए रखने में योगदान कर सकता है अतः इसे जीवन का अभिन्न अंग बनाकर जीवन को सफल बनाना चाहिए

Ambala Coverage
Author: Ambala Coverage

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